तमिल फिल्म उद्योग से एक अत्यंत दुखद खबर सामने आई है। 13 जुलाई 2025 को, नागपट्टिनम जिले में आगामी तमिल फिल्म ‘वेट्टुवन’ के सेट पर एक खतरनाक स्टंट करते हुए मशहूर स्टंटमैन एस.एम. राजू (जिन्हें मोहन राज के नाम से भी जाना जाता था) की दर्दनाक मृत्यु हो गई। इस हादसे ने पूरे फिल्म जगत को स्तब्ध कर दिया है और एक बार फिर फिल्म सेट पर सुरक्षा प्रोटोकॉल को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।

घटना का विस्तृत विवरण
यह भयावह हादसा तब हुआ जब 54 वर्षीय एस.एम. राजू फिल्म के लिए एक हाई-रिस्क कार स्टंट को अंजाम दे रहे थे। सूत्रों के अनुसार, स्टंट में उन्हें एक एसयूवी (SUV) को तेज गति से एक रैंप पर चढ़ाकर एक विशेष एक्शन सीक्वेंस को फिल्माना था। यह स्टंट बेहद जोखिम भरा था और इसमें सटीक टाइमिंग और नियंत्रण की आवश्यकता थी।
प्रत्यक्षदर्शियों और प्रारंभिक रिपोर्टों के मुताबिक, स्टंट के दौरान कुछ ऐसा गलत हुआ जिससे राजू वाहन पर से नियंत्रण खो बैठे। एसयूवी अनियंत्रित हो गई और एक भीषण दुर्घटना का शिकार हो गई। बताया जा रहा है कि राजू को गंभीर चोटें आईं और उन्हें तुरंत पास के अस्पताल ले जाया गया, लेकिन दुर्भाग्यवश, उन्होंने रास्ते में ही या अस्पताल पहुंचने के कुछ ही समय बाद दम तोड़ दिया। यह घटना लगभग 2:30 बजे (IST) के आसपास हुई।
एस.एम. राजू: ‘स्टंट’ मोहन राज का एक शानदार करियर
एस.एम. राजू, जिन्हें इंडस्ट्री में ‘स्टंट’ मोहन राज के नाम से जाना जाता था, तमिल फिल्म उद्योग के सबसे अनुभवी और सम्मानित स्टंटमैन में से एक थे। उन्होंने लगभग तीन दशकों तक फिल्म जगत में काम किया और 200 से अधिक फिल्मों में अपने कौशल का प्रदर्शन किया। अपने करियर के दौरान, उन्होंने रजनीकांत, कमल हासन, अजित कुमार, विजय और सूर्या जैसे कई शीर्ष अभिनेताओं के लिए खतरनाक स्टंट किए।
राजू अपनी निडरता, व्यावसायिकता और स्टंट दृश्यों को वास्तविकता के करीब लाने की क्षमता के लिए जाने जाते थे। उनके कुछ उल्लेखनीय कार्यों में ब्लॉकबस्टर फिल्में जैसे ‘अन्नियन’, ‘गजनी’, ‘शिवाजी: द बॉस’, और हाल की कुछ बड़ी एक्शन फिल्में शामिल हैं, जहाँ उन्होंने कई यादगार स्टंट दृश्यों में योगदान दिया। उनकी मृत्यु से इंडस्ट्री में एक बड़ा शून्य पैदा हो गया है, क्योंकि वे न केवल एक स्टंटमैन थे, बल्कि एक गुरु और प्रेरणा भी थे, जिन्होंने कई युवा स्टंट कलाकारों को प्रशिक्षित किया था।
फिल्म उद्योग में शोक की लहर और संवेदनाएं
एस.एम. राजू के निधन की खबर सुनकर तमिल फिल्म उद्योग में शोक की लहर दौड़ गई है। कई अभिनेताओं, निर्देशकों, निर्माताओं और सहकर्मियों ने सोशल मीडिया पर अपनी संवेदनाएं व्यक्त की हैं।
- निर्देशक: ‘वेट्टुवन’ के निर्देशक सहित कई निर्देशकों ने राजू के साथ काम करने के अनुभव साझा किए और उनकी व्यावसायिकता की सराहना की।
- कलाकार: सुपरस्टार्स ने उनके निधन पर दुख व्यक्त किया और उन्हें फिल्म उद्योग का एक अभिन्न अंग बताया।
- स्टंट एसोसिएशन: इंडियन फिल्म स्टंट डायरेक्टर्स एंड स्टंट आर्टिस्ट्स यूनियन ने एक आपातकालीन बैठक बुलाई है और राजू के परिवार के प्रति अपनी गहरी संवेदना व्यक्त की है। उन्होंने सदस्यों के लिए बेहतर सुरक्षा उपायों और बीमा योजनाओं की आवश्यकता पर जोर दिया है।
जांच और सुरक्षा प्रोटोकॉल पर सवाल
नागपट्टिनम पुलिस ने इस मामले में जांच शुरू कर दी है। वे दुर्घटना के कारणों की गहराई से पड़ताल कर रहे हैं। जांच के मुख्य बिंदुओं में शामिल हैं:
- सुरक्षा उपकरण: क्या स्टंट के दौरान पर्याप्त और सही सुरक्षा उपकरण उपलब्ध थे और उनका उपयोग किया गया था?
- वाहन का रखरखाव: क्या एसयूवी की तकनीकी जांच की गई थी और वह स्टंट के लिए उपयुक्त थी?
- नियोजन और पूर्वाभ्यास: क्या स्टंट का पर्याप्त रूप से पूर्वाभ्यास किया गया था और सभी सुरक्षा पहलुओं पर विचार किया गया था?
- सेट पर निरीक्षण: क्या सेट पर आपातकालीन चिकित्सा सहायता और प्रशिक्षित कर्मियों की उपलब्धता सुनिश्चित की गई थी?
यह दुखद घटना एक बार फिर भारतीय फिल्म उद्योग में स्टंट कलाकारों की सुरक्षा की गंभीर कमी को उजागर करती है। स्टंट कलाकार अक्सर अपनी जान जोखिम में डालकर दर्शकों को रोमांचित करने वाले दृश्य प्रदान करते हैं, लेकिन उन्हें अक्सर पर्याप्त सुरक्षा, उचित प्रशिक्षण और बीमा कवर नहीं मिलता है। इस हादसे ने इंडस्ट्री के भीतर से और बाहर से भी सख्त सुरक्षा नियमों को लागू करने, बेहतर प्रशिक्षण प्रदान करने और स्टंट कलाकारों के लिए व्यापक बीमा कवरेज सुनिश्चित करने की मांग को फिर से तेज कर दिया है।
एस.एम. राजू का निधन फिल्म जगत के लिए एक बड़ी क्षति है, लेकिन उम्मीद है कि यह घटना भविष्य में ऐसी त्रासदियों को रोकने के लिए आवश्यक बदलावों को प्रेरित करेगी। उनकी आत्मा को शांति मिले।




