उत्तर प्रदेश के कानपुर देहात में एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है, जहाँ संभरपुर गांव के ग्राम प्रधान प्रेमनारायण कमल की हत्या का रहस्य उजागर हो गया है। पुलिस ने चौंकाने वाला खुलासा किया है कि प्रेमनारायण की हत्या उसकी पत्नी शिवदेवी और दो नाबालिग बेटों ने मिलकर की है। घरेलू हिंसा और नशे की लत के कारण उपजे विवाद ने यह खूनी मोड़ ले लिया।
कानपुर देहात के संभरपुर गांव में प्रेमनारायण कमल (लगभग 50 वर्ष) ग्राम प्रधान थे। उनका जीवन शराब की लत और घरेलू हिंसा से घिरा हुआ था, जिसका खामियाजा उनके परिवार को भुगतना पड़ रहा था। घटना उस रात हुई जब प्रेमनारायण नशे की हालत में घर लौटा और हमेशा की तरह अपनी पत्नी शिवदेवी से मारपीट करने लगा।
अपनी मां को बचाने के लिए शिवदेवी के दो नाबालिग बेटे रवि और रंजीत बीच-बचाव करने आए। लेकिन, नशे में धुत प्रेमनारायण ने उनसे भी मारपीट शुरू कर दी। इसी हाथापाई और पिटाई के दौरान प्रेमनारायण को अंदरूनी चोटें आईं, जो अंततः उसकी मौत का कारण बनीं। यह दुखद घटना घरेलू हिंसा के गंभीर परिणामों को दर्शाती है।
हत्या के बाद, शव को छिपाने के लिए शिवदेवी और उसके बेटों ने उसे रात के अंधेरे में गांव के बाहर झाड़ियों में फेंक दिया। जुर्म को छिपाने की कोशिश में शिवदेवी ने एक और कदम उठाया। उसने खुद ही थाने पहुंचकर अपने पति की गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज करा दी, ताकि किसी को शक न हो।
हालांकि, पुलिस की जांच और गहन पूछताछ के दौरान शिवदेवी के बयानों में विरोधाभास पाए गए। पुलिस को शक हुआ और जब कड़ाई से पूछताछ की गई, तो शिवदेवी और उसके दोनों बेटों ने अपना जुर्म कबूल कर लिया। पुलिस ने तीनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है और कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी गई है।
पुलिस ने बताया कि प्रेमनारायण का शव बरामद कर लिया गया है और उसे पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट से मौत की असली वजह और चोटों की गंभीरता का पता चल सकेगा, जिससे मामले की आगे की जांच में मदद मिलेगी। यह घटना समाज में व्याप्त घरेलू हिंसा और नशे की लत के गंभीर परिणामों की ओर इशारा करती है, जो अक्सर ऐसे दुखद अंत की वजह बनते हैं।




