पीएम मोदी ने किया गंगा एक्सप्रेसवे का उद्घाटन: यूपी के विकास को मिली 594 किमी लंबी नई “जीवनरेखा”
हरदोई, उत्तर प्रदेश: उत्तर प्रदेश के बुनियादी ढांचे (Infrastructure) में आज एक और ऐतिहासिक अध्याय जुड़ गया है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आज हरदोई में प्रदेश के सबसे लंबे और महत्वाकांक्षी ‘गंगा एक्सप्रेसवे’ (Ganga Expressway) का भव्य उद्घाटन किया। 594 किलोमीटर लंबा यह एक्सप्रेसवे न केवल सफर को आसान बनाएगा, बल्कि उत्तर प्रदेश की अर्थव्यवस्था के लिए एक नई “जीवनरेखा” (Lifeline) के रूप में कार्य करेगा।
प्रमुख विशेषताएं: एक नजर में
गंगा एक्सप्रेसवे को देश के सबसे आधुनिक ग्रीनफील्ड प्रोजेक्ट्स में से एक माना जा रहा है। इसकी कुछ मुख्य विशेषताएं निम्नलिखित हैं:
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कुल लंबाई: 594 किमी (6-लेन, जो 8-लेन तक विस्तार योग्य है)।
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कनेक्टिविटी: यह मेरठ को प्रयागराज से जोड़ता है, जो 12 जिलों (मेरठ, हापुड़, बुलंदशहर, अमरोहा, संभल, बदायूं, शाहजहांपुर, हरदोई, उन्नाओ, रायबरेली, प्रतापगढ़ और प्रयागराज) से होकर गुजरता है।
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समय की बचत: मेरठ से प्रयागराज का सफर अब लगभग 10-12 घंटे से घटकर मात्र 6-7 घंटे रह जाएगा।
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आपातकालीन हवाई पट्टी: शाहजहांपुर में 3.5 किमी लंबी एक एयरस्ट्रिप भी बनाई गई है, जिसका उपयोग आपातकालीन स्थिति में वायुसेना के विमान कर सकेंगे।
“विकास का औद्योगिक कॉरिडोर” – पीएम मोदी
संबोधन के दौरान प्रधानमंत्री ने कहा कि यह एक्सप्रेसवे केवल सड़क नहीं है, बल्कि उत्तर प्रदेश के औद्योगिक विकास का प्रवेश द्वार है। इसके किनारे इंडस्ट्रियल कॉरिडोर विकसित किए जाएंगे, जिससे स्थानीय युवाओं को रोजगार मिलेगा और किसानों को अपनी उपज बड़े बाजारों तक तेजी से पहुंचाने में मदद मिलेगी।
“गंगा एक्सप्रेसवे उत्तर प्रदेश के सामर्थ्य को नई ऊंचाई देगा। यह कनेक्टिविटी, व्यापार और पर्यटन को बढ़ावा देकर ‘नया यूपी’ बनाने के संकल्प को सिद्ध करेगा।” — पीएम नरेंद्र मोदी








