
हरिद्वार, उत्तराखंड: कल, 27 जुलाई 2025, हरिद्वार के प्रसिद्ध मनसा देवी मंदिर में एक दुखद घटना सामने आई। मंदिर तक जाने वाले सीढ़ियों वाले रास्ते पर हुई भगदड़ में मरने वालों की संख्या बढ़कर 8 हो गई है, जबकि 30 लोग घायल हुए हैं।
कैसे हुआ हादसा?
यह दुर्भाग्यपूर्ण हादसा तब हुआ जब मंदिर की ओर जाने वाले संकरे सीढ़ियों वाले रास्ते पर अचानक श्रद्धालुओं की भारी भीड़ जमा हो गई। शुरुआती रिपोर्टों और प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, भीड़ के बीच बिजली के तार में करंट फैलने की अफवाह तेजी से फैली, जिससे लोगों में भगदड़ मच गई। दहशत में लोग एक-दूसरे को धकेलने लगे और कई लोग सीढ़ियों पर गिर पड़े, जिससे यह गंभीर स्थिति उत्पन्न हुई।
सरकार की प्रतिक्रिया:
उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने इस घटना पर गहरा दुख व्यक्त किया है। उन्होंने तत्काल मामले की गंभीरता को देखते हुए मजिस्ट्रेट जांच के आदेश दिए हैं। यह जांच हादसे के कारणों और इसमें जिम्मेदार पहलुओं की पड़ताल करेगी, ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोका जा सके।
बचाव कार्य और मौजूदा स्थिति:
घटना के तुरंत बाद स्थानीय प्रशासन और आपातकालीन दल मौके पर पहुंचे। घायलों को तत्काल नजदीकी अस्पतालों में ले जाया गया, जहाँ उनका इलाज जारी है। प्रशासन ने मंदिर तक जाने वाले सभी मार्गों को फिलहाल बंद कर दिया है ताकि स्थिति को नियंत्रित किया जा सके और आगे कोई अप्रिय घटना न हो।
यह घटना धार्मिक स्थलों पर भीड़ प्रबंधन और सुरक्षा व्यवस्था को लेकर एक बार फिर गंभीर सवाल उठाती है। प्रशासन और मंदिर ट्रस्ट को भविष्य में ऐसी अप्रिय घटनाओं से बचने के लिए पुख्ता इंतजाम करने की आवश्यकता है।




