मिडिल-ईस्ट संकट: ईरान की होर्मुज जलडमरूमध्य पर बड़ी चेतावनी, UAE में एयर डिफेंस हाई अलर्ट पर

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मिडिल-ईस्ट में महाजंग की आहट: ‘होर्मुज जलडमरूमध्य अब कभी पहले जैसा नहीं रहेगा’ – ईरान की खुली चेतावनी

मिडल-ईस्ट (Middle-East) में भू-राजनीतिक तनाव अब एक खतरनाक मोड़ पर पहुँच गया है। ईरान और उसके पड़ोसी देशों के बीच बढ़ती तल्खी ने वैश्विक अर्थव्यवस्था और सुरक्षा पर सवाल खड़े कर दिए हैं। हाल ही में ईरानी अधिकारियों ने एक बेहद सख्त बयान जारी करते हुए कहा है कि दुनिया का सबसे महत्वपूर्ण तेल मार्ग, होर्मुज जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz), अब कभी अपनी पुरानी स्थिति में नहीं लौटेगा।

ईरान की चेतावनी के क्या हैं मायने?

ईरान के रिवोल्यूशनरी गार्ड्स (IRGC) और शीर्ष नेतृत्व की ओर से आए इस बयान ने खाड़ी देशों में खलबली मचा दी है। ईरान का कहना है कि क्षेत्र में बाहरी हस्तक्षेप और इजरायल-अमेरिका की बढ़ती सक्रियता के कारण अब इस जलडमरूमध्य की सुरक्षा और आवाजाही के नियम बदल जाएंगे।

“होर्मुज जलडमरूमध्य अब पहले जैसा नहीं रहेगा। हम अपनी संप्रभुता की रक्षा के लिए किसी भी हद तक जा सकते हैं।” – ईरानी सैन्य कमान

UAE में ईरानी हमले और हाई अलर्ट

तनाव सिर्फ बयानों तक सीमित नहीं है। संयुक्त अरब अमीरात (UAE) के विभिन्न हिस्सों में हालिया संदिग्ध ड्रोन और मिसाइल हमलों के बाद सुरक्षा व्यवस्था को अभूतपूर्व स्तर पर बढ़ा दिया गया है।

  • एयर डिफेंस सिस्टम सक्रिय: UAE ने अपने ‘थाड’ (THAAD) और ‘पैट्रियट’ मिसाइल डिफेंस सिस्टम को हाई अलर्ट पर रखा है।

  • हमलों की प्रकृति: रिपोर्टों के अनुसार, ईरानी समर्थित गुटों या सीधे ईरान की ओर से किए गए हमलों ने नागरिक बुनियादी ढांचे को निशाना बनाने की कोशिश की है, जिसे UAE की वायु सेना ने सफलतापूर्वक विफल कर दिया।

  • सुरक्षा प्रोटोकॉल: दुबई और अबू धाबी जैसे प्रमुख शहरों में सुरक्षा बढ़ा दी गई है और अंतरराष्ट्रीय उड़ानों की निगरानी तेज कर दी गई है।

होर्मुज जलडमरूमध्य का वैश्विक महत्व

दुनिया यह जानती है कि होर्मुज जलडमरूमध्य में जरा सी भी हलचल वैश्विक तेल बाजार में आग लगा सकती है।

  1. तेल की आपूर्ति: दुनिया के कुल कच्चे तेल का लगभग 20% इसी संकरे रास्ते से होकर गुजरता है।

  2. आर्थिक प्रभाव: यदि ईरान इस मार्ग को बाधित करता है, तो वैश्विक बाजार में तेल की कीमतें $150 प्रति बैरल के पार जा सकती हैं।

  3. सामरिक स्थिति: यह ओमान और ईरान के बीच स्थित है, जो फारस की खाड़ी को ओमान की खाड़ी और अरब सागर से जोड़ता है।

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